रोबोट, जहाज… पाकिस्तानी अरबपति को बचाने के लिए समुद्र छान रही दुनिया, टाइटैनिक पनडुब्बी में थोड़ी देर का ऑक्सीजन

वॉशिंगटन: उत्तरी अटलांटिक में टाइटैनिक पनडुब्बी लापता हो गई है, जिसकी खोज में दुनिया की कई टीमें लगी हुई हैं। इस पनडुब्बी में पाकिस्तानी मूल के ब्रिटिश बिजनेसमैन और उनके बेटे समेत 5 लोग सवार हैं। डेटा के मुताबिक अब पनडुब्बी में बेहद कम ऑक्सीजन बची है, जिसे देखते हुए बचाव अभियान को और भी तेज कर दिया गया है। टाइटन सबमर्सिबल का पता लगाने और इसमें सवार लोगों को जिंदा बचाने के लिए विशेष विमानों और जहाजों का बेड़ा तैनात किया गया है।
टाइटन पनडुब्बी को पोलर प्रिंस नाम के जहाज से समुद्र में रविवार को उतारा गया था। गोता लगाने के कुछ देर बाद ही यह गायब हो गई। पनडुब्बी के गायब होते ही अमेरिका और कनाडा के सैन्य विमान गोता लगाने वाली जगह पर पहुंचे। कई C-130 विमान स्पेशल कैमरे और रडार तकनीकों का इस्तेमाल कर समुद्र की सतह को स्कैन कर रहे हैं। कनाडा के पी-3 समुद्री गश्ती विमानों को भी तैनात किया गया है, जो समुद्र की सतह से पनडुब्बी के किसी भी संकेत को सुनने के लिए सोनार बॉय का इस्तेमाल करते हैं।
ऐसे खोजी जा रही पनडुब्बी
इसके अतिरिक्त अब कनाडा ने पानी के अंदर वस्तु का पता लगाने की क्षमताओं से लैस पी-8 पनडुब्बी चेजर को तैनात किया है। अमेरिकी कोस्ट गार्ड के मुताबिक मंगलवार की सुबह कनाडाई पी-3 विमानों को पानी के अंदर धमाके जैसी आवाज सुनाई दी थी, जिससे इस बात की उम्मीद जगी है कि संभवतः टाइटन में मौजूद लोग अभी भी जिंदा हो सकते हैं। हवा के अलावा समुद्र की सतह पर पाइप बिछाने में एक्सपर्ट डीप एनर्जी नाम का एक जहाज भी मौके पर पनडुब्बी खोजने के लिए पहुंचा है और रोबोट तैनात किए हैं।
कई और जहाज किए गए तैनात
बुधवार की सुबह तीन अन्य जहाज भी घटनास्थल पर पहुंचे। कनाडाई तटरक्षकों ने पानी के नीचे रोबोट से लैस अपने जहाज अटलांटिक मर्लिन और साइड स्कैनिंग सोनार तकनीक से लैस जॉन कैबोट को तैनात किया है। तीसरा जहाद स्कैंडी विनलैंड है जो नॉर्वेजियन ऑयल सर्विस कंपनी DOF का जहाज है। इसने भी पानी के नीचे दो रोबोट को तैनात किया है। इसके अलावा बुधवार की शाम को फ्रांस का अनुसंधान जहाज एलअटलांटे पहुंचा है, जिसमें विक्टर 6000 नाम का रोबोट है जो टाइटैनिक के मलबे से भी ज्यादा की गहराई में गोता लगा सकता है।



