अंतरराष्ट्रीय फलक पर चमकी शहर की निष्ठा, चौथी बार भारत का करेंगीं प्रतिनिधित्व

भोपाल। मिस एशिया इंटरनेशनल का ताज अपने सिर सजाने वाली शहर की माडल निष्ठा श्रीवास्तव अंतरराष्ट्रीय फलक पर अपनी चमके बिखेर रही हैं।वह लगातार चौथी बार अंतरराष्ट्रीय महिला सम्मेलन में भारत का प्रतिनिधित्व करती नजर आएंगीं। अक्टूबर में दुबई में होने वाले इस माइल स्टोन कान्क्लेव में दुनियाभर के 42 देशों की माडल हिस्सा लेंगी। इस सम्मेलन में निष्ठा मोरल एजुकेशन कल्चरल एजुकेशन और आत्मनिर्भता जैसे विषयों पर अपने विचार व्यक्त करेंगी। निष्ठा बताती हैं कि मैं लगातार लेखन और माडलिंग के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करती हूं।
मेरी जल्द ही अगली किताब भी लिख रही हूं। जिसमें फैमिली फिक्शन के एक नये पहलू की कहानी व्यक्त करेगी। मैं सिर्फ बाहरी सुंदरता को ही लेकर नहीं चलना चाहती, आंतरिक खूबसूरती को बाहर लाना चाहती हूं। मैं चाहती हूं कि हर क्षेत्र को साथ लेकर चलूं, चाहे वह मेरी इंजीनियरिंग हो, लेखन हो या ब्यूटी। मैं एक कंपनी में कंसलटेंट के तौर पर भी काम कर रही हूं, किताब भी लिख रही हूं और मोटिवेशनल स्पीकर भी हूं। मिस एशिया एसोसिएशन की ओर से यूनाइटेड नेशन की पेजेंट्री कांफ्रेंस को इस साल चौथी बार होस्ट करूंगी। मेरी कोशिश रहती है कि समाज के लिए कुछ कर पाऊं। मेरी किताबों की जो रायल्टी आती है, वह पूरी रायल्टी शिक्षा के प्रोजेक्ट को ही दान करती हूं।
उपन्यास लिखा और बनी बेस्ट सेलर
उन्हाेंने बताया कि मैंने अचानक से माडलिंग की ओर रुख किया था। इंजीनियरिंग की पढ़ाई की और लिखने का शौक था। एक कंपनी में जाब करते हुए 2014 में उपन्यास रक्षाबंधन लिखना शुरू किया और 2016 में स्क्रिप्ट पब्लिशर्स को दी। 2019 में कंफर्मेशन आया कि किताब पब्लिश होगी। एक महीने में बेस्टसेलर बनी। दूसरी भी बेस्टसेलर रही। किताब का 2020 में दिल्ली में अवार्ड फंक्शन था, मैं स्पीच देकर स्टेज से उतरी तो मिस इंडिया पेजेंट की ग्रूमर डा. सलोनी ने कहा कि तुम अच्छी दिखती हो बढ़िया बोलती हो, क्या कभी पेजेंट में ट्राई किया। मैंने कहा कि कुछ सोचा नहीं। मां को बताया तो उन्होंने ट्राई करने को कहा। अक्टूबर 2020 में मिस इंडिया की ट्रेनिंग शुरू हुई। कोरोना के दौरान शुरुआती सेशन आनलाइन रहे। दिसंबर में पेजेंट में पार्टिसिपेट कर सेकेंड रनरअप बनी। मुझे मिस इंडिया क्वीन आफ अर्थ का खिताब भी मिला।
ऐसे बनीं थी मिस एशिया इंटरनेशनल
उन्होंने बताया कि जनवरी 2021 में मिस एशिया इंटरनेशनल के नामिनेशन के दौरान मेरे पास काल आया। पेजेंट सितंबर 2021 में था। मिस इंडिया के दौरान कमियां पता चलीं। 7-8 महीने का समय था। मैंने छोटी-छोटी चीजों पर ध्यान दिया। मिस एशिया इंटरनेशनल के लिए दुबई गई तो वह पहली विदेश यात्रा थी। 12 दिन में कई राउंड हुए। रिजल्ट अनाउंस हुआ कि विनर हैं कंटेस्टेंट नंबर 15, तो मुझे याद ही नहीं रहा कि वो मेरा नंबर है, तीन बार नाम बोला। यह कभी नहीं भूल सकती।
विश्व की 50 महिला लीडरों में चुनी गई शहर की सृष्टि प्रगट
भोपाल। शहर की सृष्टि प्रगट विश्व प्रसिद्ध संगठन “वीवी विजनेरीज” के वाइटल वायस कार्यक्रम के अंतर्गत विश्व की 50 महिला लीडर्स में से चुनी गई हैं।27 वर्षीय सृष्टि प्रदेश की इकलौती महिला है जिन्हें यह उपलब्धि हसिल हुई। वाइटल वायस हिलेरी क्लिंटन जैसे विश्व लीडर्स द्वारा संयुक्त रूप से स्थापित संगठन है, जो वैश्विक महिला लीडर्स में निवेश कर मजबूत कर उन्हें जोड़ता है। इसने उन नेताओं को सहयोग प्रदान किया है जो नोबेल शांति पुरस्कार प्राप्त करने, मानवाधिकार रक्षक कार्यकर्ताओं को अग्रणी बनाने और मलाला यूसफ जैसे मानवाधिकार रक्षक कार्यकर्ताओं को सशक्त बनाने में सहयोग प्रदान किया है। यह पहचान विश्व भर से लीडर्स को दी जाती है जिनके पास बदलाव के लिए एक साहसिक दृष्टिकोण होता है, और उनके साथ साझा करके उस दृष्टिकोण को हकीकत बनाने में सहयोग करती है। सृष्टि प्रगट स्काई सोशल की फाउंडर है। यह संस्था जेंडर संवेदीकरण और सामाजिक न्याय के मुद्दों पर काम करता है। इन्होंने कई सरकारी विभागों के साथ मिलकर बच्चों और महिलाओं के लिए अपना योगदान दिया है। सृष्टि प्रगट बताती हैं कि यह गर्व की बात है कि मैं इस कार्यक्रम का हिस्सा हूं। यह कार्यक्रम मेरे सामाजिक कामों को और भी बेहतर तरीके से और ज़्यादा लोगों तक पहुचाने में मदद करेगा। मैने लंदन के एसओएएस यूनिवर्सिटी से एमएससी की पढ़ाई की है। हमारा लक्ष्य है कि हर लड़की पढ़े और सभी को समाज में बराबर का हक मिले।



